केरल लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
केरल लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

रविवार, 19 सितंबर 2021

केरल: 4 अक्टूबर से कॉलेजों की कक्षाएं होगीं शुरू

तिरुवनंतपुरम। केरल में आगामी चार अक्टूबर से कॉलेजों की कक्षाएं फिर से शुरू होंगी। सरकारी आदेश के मुताबिक व्यावसायिक काॅलेजों समेत सभी काॅलेज की कक्षाएं उच्च शिक्षा विभाग की ओर से जारी दिशा-निर्देशों के तहत शुरू होंगी। कॉलेज प्रबंधन यह सुनिश्चित करेंगे कि सभी छात्रों और कर्मचारियों ने कक्षाओं में अपनी उपस्थिति से दो सप्ताह पहले कोविड-19 वैक्सीन की कम से कम एक डोज ले ली हो अथवा कम से कम एक महीने पहले कोविड जांच करवा चुके हों।
इस बीच राज्य सरकार ने एक नवंबर से प्रदेश में स्कूलों को फिर से खोलने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में शनिवार को कोविड समीक्षा बैठक में इस संबंध में निर्णय लिया गया। बैठक में कोरोना महामारी के मद्देनजर राज्य में स्कूलों को फिर से खोलने के लिए सभी ऐहतियाती कदम उठाने के भी निर्देश दिये गये।


रविवार, 12 सितंबर 2021

टीवी धारावाहिक की अभिनेत्री को गिरफ्तार किया

तिरुवनंतपुरम। केरल में एक पारंपरिक नौका में जूते पहनकर चढ़ने के बाद मंदिर के रीति-रिवाजों का उल्लंघन करने के आरोप में जांच का सामना कर रही मलयालम टीवी धारावाहिक की एक अभिनेत्री को गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तारी ये जाने के बाद अभिनेत्री का बयान दर्ज किया गया है। पुलिस ने इसकी जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि अभिनेत्री निमिषा और कथित तौर पर तस्वीरें खींचने में उनकी मदद वाले दोस्त का बयान दर्ज किया गया है। उन्होंने बताया कि उन्हें थाने में जमानत देकर रिहा कर दिया गया। पुलिस ने 'पीटीआई-भाषा' से कहा, ''पहले हमने मामला दर्ज किया था। आज हमने उन्हें थाने बुलाकर गिरफ्तार किया। बयान दर्ज किये जाने के बाद थाने में जमानत देकर रिहा कर दिया।''
अभिनेत्री निमिषा ने इससे पहले बुधवार को फोन और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए अज्ञात लोगों द्वारा गाली-गलौज और धमकी देने की शिकायत की थी।मलयालम धारावाहिकों की अभिनेत्री पर आरोप है कि उन्होंने एक धार्मिक कार्यक्रम में चप्पल पहनकर नौका पर सवार होने और मंदिर के रीति रिवाजों का उल्लंघन किया है। हालांकि, इस मामले में हंगामा मचने के बाद अभिनेत्री की तरफ से सफाई भी दी गई थी। अभिनेत्री ने कहा था कि जब मुझे पता चला कि मैंने जो किया वह रीति रिवाजों तथा परंपराओं के विरुद्ध है, तो मैंने उसी समय सोशल मीडिया पर साझा की गई कार्यक्रम से जुड़ी तस्वीरों को तुरंत हटा लिया।अभिनेत्री ने यह भी कहा था कि मुझे नहीं पता था कि पल्लीयोदम (रस्मी सर्प नौका) पर पैर रखना गलत है और यह केवल मंदिर परंपराओं के लिए है। लेकिन तब से मुझे अज्ञात लोगों से धमकियां मिल रही हैं।

रविवार, 29 अगस्त 2021

रात्रिकालीन कर्फ्यू लगाने का फैसला किया: सरकार

तिरुवनंतपुरम। केरल में कोविड-19 संक्रमण के तेजी से बढ़ते मामलों के मद्देजनर राज्य सरकार ने सोमवार रात 2200 बजे से सुबह 0600 बजे तक रात्रिकालीन कर्फ्यू लगाने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने शनिवार शाम यहां संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए नयी पाबंदियों की जानकारी दी। इससे पहले, सरकार ने ओणम त्योहार और स्वतंत्रता दिवस के बाद कोरोना संक्रमण के मामलों की बढ़ती संख्या और मौतों से कोई राहत नहीं मिलने के बाद हर रविवार को 'ट्रिपल लॉकडाउन' के समान सख्त उपाय करने का फैसला किया था।

कोरोना की वर्तमान स्थिति की समीक्षा के लिए 24 अगस्त को आयोजित एक उच्च स्तरीय बैठक में इस संबंध में निर्णय लिया गया। पिछले दो रविवारों से स्वतंत्रता दिवस और ओणम त्योहार के कारण कोई लॉकडाउन लागू नहीं था। इन दिनों, केरल में प्रतिदिन 30,000 से अधिक सकारात्मक मामले सामने आ रहे हैं।

गौरतलब है कि केरल में पिछले एक सप्ताह में देश में कोराेना के नये मामलों के लगभग 60 प्रतिशत और कुल सक्रिय मामलों के 50 प्रतिशत से अधिक मामले सामने आये हैं। इसके मद्देनजर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने केरल सरकार से उच्च सकारात्मकता वाले क्षेत्रों में रात्रि कर्फ्यू लगाने की संभावना तलाशने का आग्रह किया था।

पंचायतों में कड़े लॉकडाउन प्रतिबंध लागू किए जाएंगे

तिरुवनंतपुरम। केरल में कोरोना वायरस (कोविड-19) महामारी के साप्ताहिक संक्रमण जनसंख्या अनुपात (डब्ल्यूआईपीआर) में सात प्रतिशत से ऊपर हो रही वृद्धि को देखते हुए शहरी वार्डों और पंचायतों में कड़े लॉकडाउन प्रतिबंध लागू किए जाएंगे। अधिकारियों ने रविवार को यह घोषणा की है। केरल में शनिवार को कोरोना संक्रमण के 31 हजार से ज्यादा मामले दर्ज किए गए और एक दिन में कोरोना संक्रमण की वजह से 153 लोगों की जान चली गई।
मुख्य सचिव डॉ वीपी जॉय ने आज यहां बताया कि सरकार ने राज्य में कोविड के मामलों में तेजी से हो रही वृद्धि देखते हुए 30 अगस्त से पुलिस अधिकारियों ने सख्ती से लागू लाकडाउन का पालन कराने के लिए अतिरिक्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) आज से साप्ताहिक आधार पर महत्वपूर्ण क्षेत्रों को अधिसूचित करेंगे और वेबसाइटों और अन्य मीडिया के जरिए पर्याप्त प्रचार किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि जिला कलेक्टर के दिशा-निर्देशों के अनुसार सूक्ष्म निषेध क्षेत्रों को अधिसूचित कर वहां लॉकडाउन पाबंदी लागू करेंगे। उन्होंने कहा कि ऑल इंडिया ट्रेड परीक्षाओं में शामिल होने वाले छात्रों के लिए आईटीआई को प्रायोगिक कक्षाएं संचालित करने की अनुमति दी गयी है। राज्य में 30 अगस्त से रात के दस बजे से सुबह छह बजे तक लोगों की गतिविधियों पर रोक लगायी गयी है।

शुक्रवार, 13 अगस्त 2021

आईबी के 1 अधिकारी को अग्रिम जमानत प्रदान की

कोच्चि। केरल उच्च न्यायालय ने शुक्रवार को भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) साजिश मामले में तीन पूर्व पुलिस अधिकारियों और आईबी के एक सेवानिवृत्त अधिकारी को अग्रिम जमानत प्रदान की। न्यायमूर्ति अशोक मेनन ने पूर्व पुलिस अधिकारियों आर बी कुमार, एस विजयन और टी एस दुर्गा दत्त और खुफिया ब्यूरो (आईबी) के पूर्व अधिकारी पी एस जयप्रकाश को अग्रिम जमानत दी।
इन सभी ने साजिश के आरोप में सीबीआई द्वारा दर्ज मामले में अग्रिम जमानत की गुहार लगायी थी। इससे पहले, उच्च न्यायालय ने अलग-अलग तारीखों पर इन सभी को गिरफ्तारी से अंतरिम राहत दी थी।
सीबीआई ने 1994 के जासूसी मामले में इसरो के पूर्व वैज्ञानिक नंबी नारायणन की गिरफ्तारी और हिरासत के संबंध में मामला दर्ज किया था। जिसमें इन चारों के अलावा 14 अन्य आरोपियों के खिलाफ आपराधिक साजिश, अपहरण और साक्ष्य गढ़ने समेत विभिन्न अपराधों के तहत आरोप लगाए गए हैं।
नारायणन के अलावा मालदीव की दो महिलाओं को भी 1994 के जासूसी मामले में गिरफ्तार और हिरासत में रखा गया था। ये महिलाएं रिहा होने से पहले तीन साल से भी अधिक समय तक जेल में रही थीं।

बुधवार, 11 अगस्त 2021

त्योहारों के मौके पर कुछ पाबंदिया लगाएंगी सरकार

तिरुवनंतपुरम। केरल सरकार कोरोना वायरस (कोविड-19) संक्रमण के बढ़ते मामलों के मद्देनजर आगामी त्योहारों के मौके पर कुछ पाबंदिया लगाएगी। राज्य के मुख्य सचिव डॉ. वी.पी. रॉय ने कहा है कि राज्य सरकार स्थानीय स्तर पर पाबंदी लगाने के लिए सक्रिय रूप से विचार कर रही है। ताकि मुहर्रम, ओणम, जन्माष्टमी, गणेश चतुर्थी और दुर्गा पूजा जैसे आगामी त्योहारों के मौके भीड़ इकट्ठा न हो सके।

राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की ओर से मंगलवार को जारी आदेश में कहा गया कि इन त्योहारों के मौके पर भीड़ इकट्ठा नहीं होनी चाहिए या इनके आयोजन सार्वजनिक जगहों पर नहीं होने चाहिए। अधिकारियों को 12 अगस्त से पाबंदी लागू करने का आदेश दिया गया है। सरकारी आदेश में कहा गया गया है कि जिन पंचायतों या शहरी वार्डों में कोरोना वायरस की साप्ताहिक पॉजिटिविटी दर आठ से अधिक है, वहां महामारी के प्रसार को रोकने के लिए लॉकडाउन के तहत कड़े प्रतिबंध लागू किए जाएंगे।

सीएम को धमकी, आरोप में व्यक्ति को अरेस्ट किया

तिरुवनंतपुरम। केरल पुलिस ने मुख्यमंत्री पिनराई विजयन को फोन पर कथित रूप से धमकी देने के आरोप में 40 वर्षीय व्यक्ति को मंगलवार को गिरफ्तार किया। अधिकारियों ने बताया कि आरोपी, कोट्टायम के निवासी अनिल को वैकोम के उप पुलिस अधीक्षक डीएसपी के नेतृत्व वाली एक टीम ने एक बस में थलयोलापरम्बु से एर्नाकुलम की यात्रा के दौरान पकड़ा।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जैसे ही मुख्यमंत्री के फोन पर कॉल की गई। तिरुवनंतपुरम के छावनी पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया। अधिकारियों ने बताया कि पुलिस के साइबर सेल ने आरोपी के नेटवर्क लोकेशन का पता लगाया और उसे वैकोम पुलिस को भेज दिया। जिसके बाद स्थानीय पुलिस ने आरोपी को एक प्राइवेट बस से गिरफ्तार किया।

8 राज्यों में कोरोना के री-इंफेक्शन के मामले मिलें

तिरूवनंतपुरम। केरल सहित आठ राज्यों में बड़ी संख्या में कोरोना के री-इंफेक्शन के मामले सामने आए हैं। जांच के दौरान री-इंफेक्शन के मामले खास कर उन लोगों में देखने को मिल रहे है जिन्होंने कोरोना वैक्सीन की डोज ले ली है। इस समस्या को देखते हुए केरल में री-इंफेक्शन के मामलों पर केंद्र सरकार भी अपनी नजर बनाए हुए है। राज्य में बढ़ रहे कोरोना के मामले को देखते हुए केंद्र ने केरल सरकार को राज्य से डेटा और कोविड वैक्सीन के बीच गैप को कम करने को लेकर समीक्षा करने को कहा है।
केरल में छह सदस्यीय एक केंद्रीय टीम ने कहा है कि एक अगस्त से 20 अगस्त तक राज्य में कोविड-19 के करीब 4.6 लाख मामले सामने आ सकते हैं। केंद्रीय टीम का नेतृत्व करने वाले राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र (NCDC) के निदेशक डॉ. सुजीत सिंह ने मंगलवार को कहा कि राज्य सरकार हालात का जायजा लेकर वैक्सीन के दोनों डोज के बीच की समयवाधि पर फैसला कर सकती है।
डॉ. सुजीत सिंह ने बताया कि वैक्सीन की पहली खुराक के बाद जिले में 14,974 कोरोना के मामले सामने आए जो काफी चिंताजनक हैं। वहीं वैक्सीन के दूसरी डोज के बाद 5,042 नए मामले सामने आए। इस जिले में कोविशिल्ड इंजेक्शन का अधिक प्रयोग किया जा रहा है।
हम राज्य के साथ मिलकर इसी समीक्षा कर रहे हैं। हमें यह जानने की जरूरत है कि कोई भी व्यक्ति वैक्सीन के दूसरी डोज के बाद कब कोरोना संक्रमित हुआ और क्या उसे पहले हल्के सिम्टम आए या अस्पताल में भर्ती कराया गया। हमने यह जानकारी अलग-अलग जिलों से भी मांगी कर रहे है।
गौरतलब है कि केरल में मंगलवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 21,119 नये मामले सामने आए हैं। जिसके बाद प्रदेश में संक्रमितों की संख्या बढ़ कर 35,86,693 हो गई। प्रदेश में संक्रमण दर 16 फीसदी के करीब पहुंच गयी है। पिछले एक दिन में महामारी से 152 लोगों की मौत हो गई है, जिसके साथ ही प्रदेश में मरने वालों की संख्या बढ़ कर 18004 हो गयी है। सोमवार से अब तक 18493 लोग संक्रमण मुक्त हुए हैं। जिसके बाद राज्य में कोविड-19 से ठीक होने वाले लोगों की संख्या बढ़ कर 33,96,184 हो गई है।

गुरुवार, 5 अगस्त 2021

सीएम ने दिशा-निर्देशों के खिलाफ प्रतिबंध लगाए

तिरुवनंतपुरम। केरल के लोगों पर कर्नाटक द्वारा कोविड-19 के मद्देनजर यात्रा प्रतिबंध लगाने के कुछ दिन बाद केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने बृहस्पतिवार को कहा कि केंद्र के दिशा-निर्देशों के खिलाफ जा कर ताजा प्रतिबंध लगाए गए हैं। विजयन ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्रालय के आदेश के अनुसार, राज्यों को अपनी सीमाओं को बंद कर यात्रा प्रतिबंध नहीं लगाने चाहिए।
मुख्यमंत्री ने विधानसभा में कहा, “कर्नाटक सरकार की ओर से लगाए गए नए प्रतिबंध केंद्र सरकार के निर्देश के खिलाफ हैं।” आईयूएमएल के विधायक एम के एम अशरफ के एक अभिवेदन का जवाब देते हुए विजयन ने कहा कि यह सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए गए हैं कि विभिन्न उद्देश्यों से पड़ोसी राज्य की यात्रा करने वाले केरल के लोगों को प्रतिबंधों के कारण कोई कठिनाई न हो।
राज्य के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) अनिल कांत ने कर्नाटक में अपने समकक्ष से संपर्क किया है। पड़ोसी राज्य द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों का विवरण देते हुए, मुख्यमंत्री ने कहा कि कर्नाटक सरकार ने केरल के लोगों को पड़ोसी राज्य में प्रवेश करने के लिए आरटी-पीसीआर पद्धति से कराई गई जांच की निगेटिव रिपोर्ट जरूरी कर दी है, जो 72 घंटे से ज्यादा पुरानी न हो।

बुधवार, 4 अगस्त 2021

1000 की आबादी वाले क्षेत्र में लगेगा लॉकडाउन

तिरुवनंतपुरम। केरल की मुख्यमंत्री वीणा जॉर्ज ने बुधवार को विधानसभा में कहा कि जिन क्षेत्रों में एक हजार लोगों में से 10 से अधिक लोग कोरोना पॉजिटिव पाए जाएंगे। उन क्षेत्रों में लॉकडाउन लगाया जाएगा। जॉर्ज ने कोरोना वायरस के वर्तमान प्रोटोकॉल में बदलाव की घोषणा करते हुए कहा कि लॉकडॉउन 1000 की आबादी वाले क्षेत्र में संक्रमण के मामलों के आधार पर लगाया जाएगा।
लॉकडाउन की नयी रणनीति सकारात्मकता दर (टीपीआर) पद्धति को संशोधित कर जनसंख्या समूहों पर आधारित तैयार की गयी है। उन्होंने कहा कि तीसरे लॉकडाउन वाले क्षेत्रों को छोड़कर अन्य क्षेत्रों में दुकानें सप्ताह में छह दिन सुबह सात बजे से 2100 बजे तक खुली रह सकती हैं।
स्वास्थ्य मंत्री ने ग्राहकों से खरीदारी करते समय निर्धारित दूरी सुनिश्चित करने की गुजारिश की। उन्होंने कहा कि दुकानों पर आने वाले लोगों को कोरोना वायरस का कम से कम एक टीका लगा होना चाहिए या 72 घंटे पहले जारी किये गये कोरोना की निगेटिव रिपोर्ट होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस तथा 22 अगस्त को ओणम का त्योहार होने की वजह से शनिवार तथा दो रविवार को बंदी नहीं होगी। पूजा स्थलों पर 40 लोगों से ज्यादा की इजाजत नहीं होगी। शादी समारोह तथा अंतिम संस्कार के मौके पर अधिकतम 20 लोग इकट्ठा हो सकते हैं।

रविवार, 1 अगस्त 2021

केरल में शनिवार को 20,000 से अधिक मामलें मिलें

तिरुवनंतपुरम। केरल में शनिवार को फिर 20,000 से ज्यादा कोविड मामले सामने आए। यह लगातार पांचवें दिन है। जब यहां 20000 से ज्यादा कोविड पॉजिटिव केस मिले हैं। वहीं केरल देश में कोविड मामलों पर लगातार टॉप पर है। शनिवार को देश में 42000 कोरोना पॉजिटिव मिले, इसमें अकेले 50 फीसदी कोरोना संक्रमित केरल के रहे। इधर केरल में दो दिनों का कंप्लीट लॉकडाउन जारी है।
केरल के 678 इलाके ऐसे हैं। जहां पर संक्रमण दर 10 प्रतिशत से अधिक है। महाराष्ट्र में 6,959 नए मामले सामने आए। तमिलनाडु में 1,986 नए मामले दर्ज किए। कर्नाटक ने शनिवार को 1,987 नए मामले दर्ज किए, जो शुक्रवार को 1,890 थे। केरल में 31 जुलाई और 1 अगस्त के लिए पूरी तरह से लॉकडाउन लगा है।
केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीणा जॉर्ज ने बताया कि शनिवार को राज्य में कोरोना वायरस से संक्रमण के 20,624 नए मामले आए जिन्हें मिलाकर राज्य में अबतक संक्रमित हुए मरीजों की संख्या 33,90,761 हो गई है। वहीं, शनिवार को 24 घंटों में 80 मरीजों की मौत के साथ राज्य में महामारी से जान गंवाने वालों की संख्या 16,781 तक पहुंच गई है।
मंत्री ने बताया कि गत 24 घंटे के दौरान 16,865 मरीज संक्रमण मुक्त हुए जिन्हें मिलाकर अबतक 32,08,969 मरीज इस महामारी को मात दे चुके हैं। वहीं 1,64,500 मरीजों का इलाज अभी चल रहा है।
मलप्पुरम सबसे ज्यादा प्रभावित है जहां पर सबसे अधिक 3474 नए मरीज मिले। इसके अलावा त्रिशूर में 2693, पलक्कड में 2209, कोझिकोड में 2113, एर्णाकुलम में 2072, कोल्लम में 1371, कन्नूर में 1243, अलाप्पुझा में 1120, कोट्टयम में 1111 और तिरुवनंतपुरमें में 969 और लोगों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई। नए मरीजों में 98 स्वास्थ्य कर्मी और 112 राज्य के बाहर से आने वाले लोग शामिल है। सरकार ने बताया कि गत 24 घंटे के दौरान 1,67,579 नमूनों की जांच की गई। मंत्री ने बताया कि इस समय राज्य के विभिन्न जिलों में 4,55, 078 लोगों को निगरानी में रखा गया है। जिनमें से 28,438 संदिग्ध मरीज इंस्टिट्यूशनल क्वारंटीन हैं या अस्पताल में भर्ती हैं।

गुरुवार, 29 जुलाई 2021

केरल: 6 सदस्यों की टीम को भेजेगा स्वास्थ्य मंत्रालय

तिरुवनंतपुरम। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय कोविड-19 के प्रभावी प्रबंधन के लिए केरल में छह सदस्यों की एक टीम को भेजेगा। जहां राज्य में कोरोना वायरस संक्रमण के दैनिक मामले अब भी बहुत ज्यादा आ रहे हैं। स्वास्थ्य मंत्रालय ने एक बयान में बताया कि राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र (एनसीडीसी) के निदेशक एस के सिंह की अगुवाई में टीम शुक्रवार को केरल पहुंचेगी और उन कुछ जिलों का दौरा करेगी जहां संक्रमण की दर सबसे ज्यादा सामने आ रही है।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने ट्वीट कर कहा किकेंद्र सरकार एनसीडीसी निदेशक की अगुवाई में छह सदस्यीय टीम को केरल भेज रही है। केरल में कोविड के मामले अब भी बहुत ज्यादा सामने आने के कारण टीम कोविड प्रबंधन में राज्य के जारी प्रयासों में मदद करेगी।
मंत्रालय के बयान में बताया गया कि टीम राज्य के स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ करीब से काम करेगी, जमीनी स्थिति का जायजा लेगी और वायरस के प्रसार को रोकने के लिए जरूरी जन स्वास्थ्य हस्तक्षेपों की अनुशंसा करेगी। मौजूदा अद्यतन आंकड़ों के मुताबिक केरल में कोविड-19 के उपचाराधीन मरीजों की संख्या 1.54 लाख है जो देश में उपचाराधीन मामलों का 37.1 प्रतिशत है।
बयान के मुताबिक, राज्य में संक्रमण के दैनिक मामले औसतन 17,443 से अधिक हैं। राज्य में संक्रमण दर भी सबसे ज्यादा 12.93 प्रतिशत है और साप्ताहिक दर 11.97 प्रतिशत है। छह जिलों में संक्रमण की साप्ताहिक दर 10 प्रतिशत से ज्यादा है।

सोमवार, 26 जुलाई 2021

2 पूर्व अधिकारियों को गिरफ्तारी से राहत दी: केरल

कोच्चि। केरल उच्च न्यायालय ने 1994 में इसरो के वैज्ञानिक नम्बी नारायण की गिरफ्तारी के मामले के संबंध में केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा आपराधिक साजिश, अपहरण और साक्ष्य मिटाने जैसे मामलों में नामजद केरल पुलिस के दो पूर्व अधिकारियों को सोमवार को गिरफ्तारी से अंतरिम राहत दी। मामले से संबंधित एक वकील ने बताया कि एस विजयन और टी एस दुर्गा दत्त की ओर से दायर संयुक्त अग्रिम जमानत याचिका पर सीबीआई द्वारा सुनवाई अगले सप्ताह तक के लिए स्थगित करने का अनुरोध करने के बाद न्यायमूर्ति अशोक मेनन ने दोनों अधिकारियों को राहत दी।
सीबीआई की ओर से पेश हुए केंद्र सरकार के वकील सुविन आर मेनन ने भी आदेश की पुष्टि की और कहा कि अदालत ने यह निर्देश भी दिया कि अगर दोनों पुलिस अधिकारियों को गिरफ्तार किया जाता है तो उन्हें 50 हजार का बांड और उतनी ही राशि के मुचलके पर जमानत दे दी जाए।
उन्होंने कहा कि अंतरिम आदेश, सुनवाई की अगली तारीख दो अगस्त तक प्रभावी रहेगा। ये दोनों पूर्व पुलिस अधिकारी, उस विशेष जांच दल (एसआईटी) का हिस्सा थे जिसने 1994 में भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) जासूसी मामले में वैज्ञानिक नंबी नारायण और मालदीव के दो नागरिकों मरियम रशीदा और फौजिया हसन को गिरफ्तार किया था।
नारायण तथा दोनों महिलाओं की ओर से पेश हुए वकील प्रसाद गांधी ने याचिका का यह कहते हुए विरोध किया था कि इसमें गलत इरादों से आरोप लगाया गया है। सीबीआई ने मामले में 18 लोगों को आरोपी बनाया था, जिसमें खुफिया विभाग (आईबी) के तत्कालीन अधिकारी भी शामिल थे।
बता दें कि इस मामले की शुरूआत में नारायणन को फर्जी जासूसूी कांड में फंसाने वाले अधिकारियों के खिलाफ सीबीआई जांच का आदेश देते हुए खंडपीठ ने तीन दिन के भीतर रिपोर्ट पेश करने का भी जांच एजेंसी को निर्देश दिए थे। न्यायालय ने न्यायमूर्ति जैन कमेटी की रिपोर्ट को प्रारम्भिक जांच मानते हुए आगे की जांच का आदेश दिया था।

बुधवार, 21 जुलाई 2021

बीमारी: स्पाइनल मस्कुलर एट्रोपी से मासूम की मौंत

तिरुवनंतपुरम। केरल में छह महीने के एक बच्चे की दुर्लभ बीमारी स्पाइनल मस्कुलर एट्रोपी (एसएमए) से कोझिकोड जिले में मौत हो गई। वह जन्म से ही इस बीमारी से ग्रस्त था और इलाज के लिए बड़ी राशि एकत्र की गई थी। पारिवारिक सूत्रों ने बताया कि मूल रूप से मलाप्पुरम के पेरिनथालमन्ना के रहने वाले और पेशे से ऑटो रिक्शा चालक आरिफ के बेटे इमरान की मौत दुर्लभ बीमारी के कारण मंगलवार की रात कोझिकोड राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल में हुई।इमरान के जन्म के 17 दिन बाद से इस अस्पताल में उसका इलाज चल रहा था। बच्चे की मौत ऐसे समय हुई है। 
जब चंदे से कई करोड़ रुपये उसके इलाज के लिए दुनिया के सबसे मंहगे जोल्गेन्ज्मा ओनाजेन्मोजीन इंजेक्शन खरीदने के वास्ते एकत्र किए गए । इस एक इंजेक्शन की कीमत 18 करोड़ रुपये है।
इमरान का परिवार दवा आयात करने के लिए बाकी के पैसे जुटाने के लिए संघर्ष कर रहा था लेकिन उन्हें उम्मीद थी कि जल्द ही शेष राशि भी एकत्र हो जाएगी। केरल उच्च न्यायालय ने हाल में बच्चे के पिता की याचिका के बाद, पांच सदस्यीय चिकित्सा बोर्ड इमरान को मुफ्त इलाज देने पर विचार करने हेतु गठित करने का निर्देश दिया था। 
स्पाइनल मस्कुलर एट्रोपी एक न्यूरो मस्‍कुलर डिसऑर्डर है। इससे पीड़ित बच्चा धीरे-धीरे कमजोर पड़ने लगता है और चलने-फिरने में असमर्थ हो जाता है। क्योंकि वह मांसपेशियों की गतिविधियों पर अपना काबू खो देता है।डॉक्टरों के मुताबिक, स्पाइनल मस्कुलर एट्रोफी का इलाज जोल्गेन्स्मा (Zolgensma) नाम के एक इंजेक्‍शन से ही मुमकिन है।
जोल्गेन्स्मा को बाहर से आयात करने में करीब 18 करोड़ रुपए का खर्च आता है। इसे दुनिया की सबसे महंगी ड्रग्स में से एक माना जाता है। यह इंजेक्शन स्विटजरलैंड की एक कम्पनी तैयार करती है। कम्पनी का दावा है कि यह इंजेक्शन एक तरह का जीन थैरेपी ट्रीटमेंट है। जिसे एक बार लगाया जाता है। इसे स्पाइनल मस्क्यूलर एट्रॉफी से जूझने वाले 2 साल से कम उम्र के बच्चों को लगाया जाता है।
दुनिया में ऐसी कई बीमारियां हैं, जिनके बारे में अधिकतर लोगों को पता भी नहीं होता, लेकिन वो होती बहुत ही जानलेवा हैं। जैसे कि स्पाइनल मस्कुलर एट्रोफी, जो कि एक आनुवंशिक बीमारी है। यह बीमारी कई प्रकार की होती है, लेकिन इसमें टाइप-1 सबसे गंभीर है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका में हर साल जन्म लेने वाले बच्चों में लगभग 400 बच्चे इस बीमारी से ग्रसित होते हैं। भारत में भी इसके कई मामले सामने आ चुके हैं।

सोमवार, 19 जुलाई 2021

बकरीद के मौके पर लॉकडाउन में ढील देने का ऐलान

तिरूवंतपुरम। कोरोना संक्रमण का खतरा न टलने के बावजूद केरल सरकार ने बकरीद के मौके पर लॉकडाउन में ढील देने का ऐलान किया है। केरल सरकार के इस फैसले से इंडियन मेडिकल एसोसिएशन ने आपत्ति दर्ज की है और उसने साफ कहा है कि अगर केरल सरकार ने बकरीद पर लॉकडाउन में रियायत देने का आदेश वापस नहीं लिया तो वह सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाने को मजबूर होगा। बता दें कि केरल अभी भी उन राज्यों में से एक है जहां हर दिन कोरोना के सबसे ज्यादा मामले दर्ज हो रहे हैं।
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन ने अपने बयान में कहाकोरोना मामलों में इजाफे के बीच केरल सरकार का इस तरह का फैसला दुखी करने वाला है। जब जम्मू-कश्मीर, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड जैसे कई उत्तरी राज्यों ने सार्वजनिक सुरक्षा के मद्देनजर परंपरिक और लोकप्रिय तीर्थ यात्राओं को रोक दिया है, तो यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि केरल के विद्वान राज्य ने ऐसा निर्णय लिया है। गौरतलब है कि केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने शनिवार को ऐलान किया था कि बकरीद के मौके पर राज्य में लगे लॉकडाउन के प्रतिबंधों में छूट दी जाएगी। 
इस बुधवार को होने वाली ईद के लिए रविवार से यह छूट तीन दिन के लिए दी गई है। इस दौरान कपड़े, जूते-चप्पल की दुकान, ज्वैलरी की दुकान, गिफ्ट आइटम की दुकान, घर के सामान और इलेक्ट्रॉनिक्स स्टोर और रिपेयरिंग सेंटर को खोलने की मंजूरी दी गई है। इतना ही नहीं बल्कि उन्होंने फिल्मों की शूटिंग और पूजा स्थलों को भी लॉकडाउन संबंधित छूट देने की घोषणा की है। इसको लेकर विजयन ने तर्क दिया कि प्रतिबंध चाहे कितना भी सीमित क्यों न हो, बड़ी आर्थिक और सामाजिक समस्याएं पैदा कर रहे हैं और इसलिए कोरोना के रोजाना सामने आ रहे मामलों को ध्यान में रखते हुए कुछ रियायतें दी जा रही है।

शनिवार, 10 जुलाई 2021

विशेषज्ञों का 6 सदस्यीय दल केरल पहुंचेगा: जीका

इकबाल अंसारी                    
तिरुवनंतपुरम। जीका वायरस से उत्पन्न स्थिति का आकलन करने और वायरस के प्रसार को रोकने के लिए राज्य के स्वास्थ्य विभाग की सहायता के लिए दिल्ली से विशेषज्ञों का छह सदस्यीय दल शनिवार को केरल पहुंचेगा। सूत्रों ने बताया कि राज्य में जीका वायरस के अब तक 14 मामले सामने आ चुके हैं। वहीं राज्य का स्वास्थ्य विभाग इस वायरस को फैलने से रोकने के लिए कई कदम उठाए हैं। 
उन्होंने बताया कि दिल्ली स्थिति अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) से छह सदस्यीय विशेषज्ञों का दल वायरस के प्रसार को रोकने, राज्य सरकार के प्रयासों में सहायता करने से लिए केरल आ रहा है। 

मंगलवार, 6 जुलाई 2021

महिला की याचिका पर केंद्र से जवाब मांगा: हाईकोर्ट

कोच्चि। केरल उच्च न्यायालय ने एक महिला की याचिका पर केंद्र से मंगलवार को जवाब मांगा। जिसमें याचिकाकर्ता ने संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) की जेल में अगस्त 2015 से बंद अपने बेटे को आवश्यक मदद मुहैया कराने का केंद्र को निर्देश देने का अनुरोध किया है। महिला के बेटे को कथित तौर पर भारत सरकार के लिए जासूसी करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। न्यायमूर्ति पी बी सुरेश कुमार ने कहा, ”हम इसे देखेंगे। केंद्र सरकार के वकील (याचिका के बारे में) निर्देश लेकर आएं।
याचिका शाहुबनाथ बीवी ने दायर की है। इसमें दावा किया गया है कि उनके बेटे को ”बुरी तरह से यातनाएं दी गईं और उसका उत्पीड़न किया गया,” तथा उसे केंद्र सरकार या वहां स्थित भारतीय दूतावास से किसी तरह की मदद नहीं मिली। अधिवक्ता जोस अब्राहम के जरिए दायर याचिका के मुताबिक महिला का बेटा शिहानी मीरा साहिब जमाल मोहम्मद 25 अगस्त 2015 से यूएई के अबू धाबी के केंद्रीय कारागार में बंद है।
सुनवाई के वक्त याचिकाकर्ता ने कहा कि यूएई की अदालतों के इस मामले में दिए गए फैसलों के मुताबिक उनका बेटा ”यूएई में भारतीय दूतावास के अधिकारियों के लिए काम कर रहा था।” महिला ने आरोप लगाया कि उनके बेटे को उचित कानूनी सहायता तक नहीं दी गई जिससे कि वह यूएई की अदालतों में अपना बचाव कर पाता। महिला ने कहा कि इस बाबत उन्होंने अनेक बार अनुरोध भेजे और पिछला अनुरोध 11 जून को भेजा था। 
जिसमें मानवाधिकार उल्लंघनों और उनके बेटे को बुनियादी अधिकार देने से इनकार किए जाने का जिक्र करते हुए सरकार से सहायता मांगी गई है। याचिका में कहा गया कि इन अनुरोधों पर उन्हें अब तक जवाब प्राप्त नहीं हुआ है। महिला ने याचिका में उच्च न्यायालय से अनुरोध किया है कि वह उनके बेटे को ”आवश्यक कानूनी, राजनयिक एवं राजनीतिक समर्थन” मुहैया कराने का केंद्र सरकार को निर्देश दे तथा उनके हाल के अनुरोध पर समुचित समय पर विचार करे।

रविवार, 4 जुलाई 2021

फेसबुक पर खौफनाक मजाक ने 3 लोगों की जान ली

तिरुवनंतपुरम। फेसबुक पर रिश्तेदारों के बीच एक खौफनाक मजाक ने तीन लोगों की जान ले ली। मरने वालों में एक नवजात बच्चा भी शामिल है। एक परित्यक्त बच्चे के संबंध में केरल पुलिस की जांच में यह खुलासा हुआ। केरल के कोल्लम जिले में इस साल जनवरी में जन्म के महज कुछ घंटे बाद एक नवजात बच्चा सूखे पत्तों की ढेर में मिला था। नवजात को अस्पताल में भर्ती कराया गया जिसने बाद में दम तोड़ दिया। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि कोल्लम के कल्लूवथुक्कल गांव की निवासी रेशमा नवजात की माता है।

महिला को जून में गिरफ्तार किया गया। जांच के दौरान रेशमा ने पूछताछ में बताया कि फेसबुक पर आनंदू नामक व्यक्ति से उसकी दोस्ती हुई और व्यक्ति के साथ रहने के लिए उसने बच्चे को मरने के लिये छोड़ दिया था। हालांकि वह व्यक्ति से कभी मिली नहीं थी। हालांकि इस घटना में रोचक मोड़ तब आया जब दोनों महिलाओं (आर्या और ग्रीष्मा) ने कथित रूप से नदी में कूदकर जान दे दी। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि बाद में पुलिस ने ग्रीष्मा के एक पुरूष मित्र से पूछताछ की जिसने खुलासा किया कि आर्या और ग्रीष्मा ने आनंदू नाम से एक फर्जी फेसबुक अकाउंट बनाया था और वे रेशमा से मजाक करती थीं।

पुलिस को पता चला कि कथित रूप से आत्महत्या से पहले आर्या ने अपनी सास को इस मजाक के बारे में बताया था। आर्या के पति ने बाद में मीडिया को बताया कि वह पुलिस का शुक्रगुजार है जिसने यह पता लगाया कि उसकी पत्नी ने आखिर जान क्यों दी। उसने बताया कि उसे इस मजाक के बारे में कोई भनक नहीं थी। रेशमा की गिरफ्तारी की खबर सुनकर विदेश से लौटे उसके पति ने बताया कि अगर उसे किसी ने भी इस बारे में बताया होता तो शायद वह ऐसा होने से रोक सकता। पुलिस ने बताया कि वर्तमान में कोविड-19 से संक्रमित पाये जाने के बाद रेशमा एक पृथक-वास केंद्र में न्यायिक हिरासत में है।

मंगलवार, 25 मई 2021

माकपा नेता विधानसभा के नए अध्यक्ष बनें: केरल

तिरुवनंतपुरम। सत्तारूढ़ माकपा के विधायक एमबी राजेश को मंगलवार को यहां केरल विधानसभा का नया अध्यक्ष चुना गया। राजेश 15 वीं विधानसभा के अध्यक्ष होंगे और श्रीरामकृष्णन की जगह लेंगे। थ्रीथाला से कांग्रेस के दो बार के विधायक वीटी बलराम को मात देकर पहली बार विधायक बने राजेश (50) अपने पहले कार्यकाल में राज्य विधानसभा के शीर्ष पद पर काबिज होने वाले तीसरे विधायक हैं। राज्य विधानसभा में राजेश का यह पहला कार्यकाल है, लेकिन इससे पहले वह 10 साल तक संसद के सदस्य रह चुके हैं।

राज्य माकपा समिति के सदस्य ‘डेमोक्रेटिक यूथ फेडरेशन ऑफ इंडिया’ (डीवायएफआई) के पूर्व राज्य एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं। डीवायएफआई माकपा की युवा शाखा है। सदन में आज सुबह नए अध्यक्ष के चयन के लिए हुए मतदान के दौरान 140 सदस्यीय विधानसभा में 96 के मुकाबले 136 वोट हासिल कर उन्होंने जीत दर्ज की।

कांग्रेस-यूडीएफ के उम्मीदवार पीसी विष्णुनाथ केवल 40 वोट हासिल कर पाए। इस मतदान के दौरान के. बाबू, एम विन्सेंट और वी अब्दुर रहमान स्वास्थ्य कारणों के चलते मौजूद नहीं थे। वहीं, विधायक पीटीए रहीम ने ‘प्रो टेम स्पीकर’ होने की वजह से मत नहीं दिया। मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने सुबह सदन की कार्यवाही शुरू होने के बाद सबसे पहले वोट डाला। नतीजों की घोषणा के बाद विजयन और विपक्ष के नेता वीडी सतीसन राजेश को अध्यक्ष की कुर्सी तक ले गए।

इसके बाद, विजयन ने उन्हें अनुकरणीय तरीके से अपनी नई जिम्मेदारी निभाने में सफलता की शुभकामनाएं दी। मुख्यमंत्री ने कहा, ” मैं कामना करता हूं कि नए अध्यक्ष सदन के सदस्यों के अधिकार की रक्षा करेंगे और सरकार की जिम्मेदारी को पूरा करेंगे।” वीडी सतीसन ने भी नए अध्यक्ष को शुभकामनाएं दी और उन्हें विपक्ष के सभी सदस्यों के सहयोग का आश्वासन दिया।

गुरुवार, 20 मई 2021

केरल: विजयन ने सीएम पद की दूसरी बार शपथ ली

अकांशु उपाध्याय   

तिरुवनंतपुरम। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के दिग्गज नेता पिनाराई विजयन ने गुरुवार को केरल के मुख्यमंत्री पद की लगातार दूसरी बार शपथ ली। उनके साथ 20 मंत्रियों ने भी शपथ ली। विजयन के नेतृत्व में माकपा नीत वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) ने छह अप्रैल को हुए चुनाव में लगातार दूसरी बार जीत हासिल की थी।

राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने एक सादे समारोह में विजयन एवं अन्य मंत्रियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलायी। सेंट्रल स्टेडियम में अपराह्न 03:30 बजे महज 500 लोगों की मौजूदगी में यह शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया गया।माकपा पोलित ब्यूरो के सदस्य श्री विजयन ने उत्तर केरल के धर्मादम सीट से 50,123 मतों के अंतर से जीत हासिल की थी। इससे पहले उन्होंने 1970, 1977, 1991 और 1996 में भी विधानसभा के चुनाव में भी जीत हासिल की थी। इस बार 140 सदस्यीय विधानसभा चुनाव में एलडीएफ ने 99 सीटों पर जीत हासिल की जबकि इससे पहले 2016 के चुनाव में पार्टी ने 91 सीटों पर विजय हासिल की थी।

चुनाव परिणाम ने विजयन के लगातार दूसरे कार्यकाल का मार्ग प्रशस्त कर दिया। इसके साथ ही चार दशक पुराने उस चुनावी परंपरा बदल गयी जिसमें एलडीएफ और यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट के बीच सत्ता का वैकल्पिक हस्तांतरण माना जाता था। मंत्री के रूप में शपथ लेने वालों में के कृष्णनकुट्टी जद (एस), ए के शशिन्द्रन, राकांपा, के राधाकृष्णन माकपा, जे चिंचुरानी भाकपा, रोशी ऑगस्टीन, केसी (एम), पी राजीव माकपा, के राजन, भाकपा, वीना जॉर्ज माकपा, प्रोफेसर आर बिंदू माकपा, एमवी गोविंदन मास्टर माकपा, पीए मोहम्मद रियास माकपा, अहमद देवरकोविल आईएनएल, वी अब्दुरहिमन, नेशनल सेक्युलर कॉन्फ्रेंस, वी शिवनकुट्टी माकपा, एंटनी राजू डेमोक्रेटिक केरल कांग्रेस, जीआर अनिल, भाकपा, केएन बालगोपाल माकपा, साजी चेरियन माकपा, पी प्रसाद, सीपी और वीएन वसावन, माकपा शामिल हैं।

विजयन, एके शशिन्द्रन और के कृष्णाकुट्टी को छोड़ कर मंत्रिमंडल में सभी नये चेहरे हैं। समारोह से पहले, कार्यक्रम स्थल पर 54 गायकों का एक आभासी संगीत कार्यक्रम प्रसारित किया गया। माकपा के महासचिव सीताराम येचुरी समेत अन्य लोग शपथ ग्रहण समारोह के मौके पर मौजूद थे।

अमेरिकी एक्सचेंज नैसडैक पर शानदार एंट्री की

अकांशु उपाध्याय      नई दिल्ली। बिजनेस सॉफ्टवेयर फर्म फ्रेशवर्क्स इंक ने बुधवार को अमेरिकी एक्सचेंज नैसडैक पर शानदार एंट्री की है। अपने शानद...