शनिवार, 13 जुलाई 2024

बीएएलएलबी-एलएलएम का कोर्स हिंदी में शुरू करें

बीएएलएलबी-एलएलएम का कोर्स हिंदी में शुरू करें 

संदीप मिश्र 
लखनऊ। सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस डी वाई चंद्रचूड़ ने कहा कि बीएएलएलबी और एलएलएम का कोर्स हिंदी में भी शुरू किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि कोर्ट के कई ऐसे फैसले होते हैं, जो हिंदी भाषा में न होने से आम लोगों को समझ में नहीं आते हैं। ऐसे में जरूरी है, कि अंग्रेजी और हिंदी के साथ क्षेत्रीय भाषा में भी फैसला सुनाया जाना चाहिए। जस्टिस चंद्रचूड़ शनिवार को लखनऊ के विधि विश्वविद्यालय में आयोजित दीक्षांत समारोह को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

मथुरा: हाईवे के डिवाइडर पर बच्चे को दिया जन्म

मथुरा: हाईवे के डिवाइडर पर बच्चे को दिया जन्म 

संदीप मिश्र 
मथुरा। मथुरा में हाईवे के बीच डिवाइडर पर एक डॉक्टर द्वारा प्रसव कराने का मामला सामने आया है। खुले में प्रसव के दौरान महिला की चीख को सुन एक निजी अस्पताल के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और कपड़ों, चादरों से प्रसूता को चारों ओर से ढक लिया। खुले में मार्ग पर प्रसव होता देख राहगीर स्वास्थ्य विभाग की अव्यवस्थाओं को कोसते नजर आए। घटना का वीडियो वायरल होने पर स्वास्थ्य विभाग की निंदा हो रही है।
शुक्रवार को 2 मिनट 55 सेकंड का एक वीडियो तेजी से वायरल हुआ। इसमें राष्ट्रीय राजमार्ग के बीच एक महिला डॉक्टर को प्रसव कराते हुए दिखाया गया। वीडियो मथुरा के पुराने एआरटीओ कार्यालय के समीप कुंतल अस्पताल के सामने का बताया जा रहा है। जहां पर सिजेरियन प्रसव के लिए एक डाक्टर प्रसूता को लेकर अस्पताल पहुंची। यहां पर अस्पताल स्टाफ ने सिजेरियन प्रसव से इनकार करते हुए सामान्य प्रसव होने की बात कही।
महिला चिकित्सक प्रसूता को अपने क्लीनिक के लिए वापस लाने लगी। तभी आगरा-दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग के बीच में प्रसूता को प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। वह एक कदम भी आगे नहीं चल सकी और बीच डिवाइडर पर ही बैठ गई। महिला चिकित्सक ने डिवाइडर पर ही खुले में उसका प्रसव करा दिया। इसी दौरान एक व्यक्ति ने खुले में हो रहे प्रसव का वीडियो बनाकर वायरल कर दिया।
सीएमओ डॉ. अजय कुमार वर्मा ने बताया कि वीडियो वायरल होने पर वह खुद और उनके साथ डॉ. अशोक अग्रवाल हाईवे स्थित कुंतल अस्पताल गए थे। वहां जांच में पता चला कि एक रजिस्टर्ड आयुर्वेदिक डॉ. यामिनी के पास प्रसूता को लेकर उसके परिजन पहुंचे। डॉक्टर प्रसूता को लेकर कुंतल अस्पताल लेकर आईं। अस्पताल के डॉक्टर प्रसव के लिए कह रहे थे, लेकिन महिला ने सहयोग नहीं किया। इस कारण डॉक्टर प्रसूता को लेकर लौट रही थी कि तभी अचानक प्रसूता को बीच में ही प्रसव कराना पड़ा। जच्चा बच्चा दोनों सकुशल हैं।

डग्गामार चलेंगे, अफसर को भी नहीं बक्शा जाएगा

डग्गामार चलेंगे, अफसर को भी नहीं बक्शा जाएगा

संदीप मिश्र 
लखनऊ। डग्गामार वाहनों को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को अपने सख्त तेवर दिखाए। उन्होंने कहा कि अगर डग्गामार चलेंगे, तो बड़े अफसर को भी नहीं बक्शा जाएगा। गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को डग्गा मार वाहनों को लेकर चेकिंग अभियान चलाने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने डग्गा मार वाहनों के खिलाफ पूरे 1 महीने चेकिंग अभियान चलाने का आदेश परिवहन विभाग के अफसर को देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश की सड़कों पर डग्गा मार बसें चलती नहीं मिलनी चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि अगर डग्गा मार वाहन या बिना परमिट की बसें उत्तर प्रदेश की सड़कों पर दौड़ती दिखाई दी तो बड़े अफसर को भी नहीं बक्शा जाएगा। मुख्यमंत्री ने अपना सख्त रुख स्पष्ट करते हुए कहा कि बिना परमिट वाले वाहन सड़क पर दिखने नहीं चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने स्कूल बसों का परमिट, फिटनेस और इंश्योरेंस तथा ड्राइवर की जांच का भी आदेश दिया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सख्त रूप को रुख को देखते हुए परिवहन विभाग ने डग्गा मार वाहनों, बिना परमिट की बसों की चेकिंग शुरू कर दी है।

मैच: भारत ने जिम्बाब्वे को 10 विकेट से हराया

मैच: भारत ने जिम्बाब्वे को 10 विकेट से हराया   

अखिलेश पांडेय 

हरारे। भारत ने जिम्बाब्वे को चौथे टी-20 मैच में 10 विकेट से मात दी। इसके साथ ही टीम ने 3-1 से सीरीज भी अपने नाम की। जिम्बाब्वे की टीम पहले बल्लेबाजी करने उतरी और उन्होंने 20 ओवर में 152 रन बनाए। जिम्बाब्वे की सलामी जोड़ी ने पहले विकेट के लिए 63 रन बनाए। यह भारत के खिलाफ जिम्बाब्वे की रिकॉर्ड साझेदारी थी। मधवीरे ने 24 और मारुमानी ने 32 रन की पारी खेली।

कप्तान सिकंदर रजा ने सबसे ज्यादा 46 रन बनाए। उनकी पारी और सलामी जोड़ी के कारण ही टीम ने 152 बनाए। भारत की ओर से खलील अहमद ने 2, तुषार देशपांडे, वॉशिंगटन सुंदर, अभिषेक शर्मा और शिवम दुबे ने 1-1 विकेट लिए।

भारतीय टीम को यह लक्ष्य हासिल करने में ज्यादा समय नहीं लगा। यशस्वी जायसवाल ने 53 गेंदों में दो छक्के और 13 चौके लगाए। वहीं शुभमन गिल ने 39 गेंदों में 58 रन बनाए। उन्होंने अपनी पारी में दो छक्के और छह चौके लगाए। जिम्बाब्वे ने भारत के खिलाफ पहला टी-20 जीता। लेकिन, इसके बाद वह बैक टू बैक तीन मैच हारे और मैच और अब वह सीरीज भी हार चुके हैं।

दिल्ली विश्वविद्यालय में नहीं पढ़ाई जाएगी मनुस्मृति

दिल्ली विश्वविद्यालय में नहीं पढ़ाई जाएगी मनुस्मृति 
अखिलेश पांडेय 
नई दिल्ली। दिल्ली विश्वविद्यालय के कुलपति योगेश सिंह ने साफ कर दिया है कि छात्रों को मनुस्मृति नहीं पढ़ाई जाएगी। दिल्ली विश्वविद्यालय के लॉ शिक्षकों की तरफ से सुझाव दिया गया था कि पहले और आखिरी सेमेस्टर के छात्रों को मनुस्मृति पढ़ाई जाए। इसके लिए मनुभाषी के साथ मनुस्मृति और मनुस्मृति की व्याख्या नाम की दो किताबें पढ़ाए जाने का सुझाव दिया गया था, जिसे अस्वीकार कर दिया गया है।
विश्वविद्यालय के कुलपति का साफ कहना है कि दिल्ली यूनिवर्सिटी में ऐसा कुछ नहीं पढ़ाया जाएगा। दिल्ली विश्वविद्यालय के कुलपति योगेश सिंह ने कहा “दिल्ली विश्वविद्यालय को विधि संकाय से एक प्रस्ताव मिला था।
जिसमें न्यायशास्त्र के पाठ्यक्रमों में से एक में बदलाव किए जाने की बात थी। उन्होंने मेधातिथि की राज्य और कानून की अवधारणा के लिए दो ग्रंथों का सुझाव दिया था- मनुभाषी के साथ मनुस्मृति और दूसरा मनुस्मृति की व्याख्या। इसलिए इन दोनों ग्रंथों और विधि संकाय के संशोधनों को दिल्ली विश्वविद्यालय ने खारिज कर दिया। दिल्ली विश्वविद्यालय में ऐसा कुछ नहीं पढ़ाया जाएगा।”

35 लाख की चीनी खा गए बंदर, फंस गए अधिकारी

35 लाख की चीनी खा गए बंदर, फंस गए अधिकारी
शैलेन्द्र श्रीवास्तव 
अलीगढ़। कुछ दिन पहले उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में बंदरों द्वारा 35 लाख रुपये से अधिक कीमत की चीनी खाने का हैरतअंगेज मामला सामने आया था। इस मामले में अफसर अब फंसते नजर आ रहे हैं। 
दरअसल कुछ साल पहले अलीगढ़ के साथा चीनी मिल में भारी मात्रा में चीनी रखी हुई थी, लेकिन कुछ समय पहले जब इस मिल का ऑडिट हुआ तो 1137 क्विंटल चीनी गायब मिली। इस चीनी की बाजार में कीमत 35 लाख रुपये से अधिक है। इसको लेकर जब अधिकारियों से सवाल पूछे गए तो उनका जवाब आया कि चीनी तो बंदर खा गए हैं। ये हैरतअंगेज मामला सामने आने के बाद अब एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है। 
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक साथा चीनी मिल साल 2021 के बाद से ही बंद है, लेकिन उसमें बचा हुआ चीनी का स्टॉक रखा गया था। इसे लेकर एक दिन जिला लेखा अधिकारी,पंचायत लेखा समिति और सहकारी समितियों की टीम जब ऑडिट करने पहुंची तो उन्हें पता चला कि यहां रखी हुई चीनी में से 1137 क्विंटल चीनी का अब कोई अता पता नहीं है, जबकि इससे पहले जब अक्टूबर 2023 में ऑडिट किया गया था तो यहां रखी गई चीनी का हिसाब बिल्कुल सही मिला था। अब ऐसे में सवाल ये है कि आखिर कुछ महीने के अंदर ही मिल से 1137 क्विंटल चीनी कहां गयी। इसके बारे में जब संबंधित अधिकारियों से पूछताछ की गई तो वो कोई तार्किक जवाब नहीं दे पाए। अब इस मामले की जांच चल रही है।
1137 क्विंटल चीनी के गायब होने के बारे में जब संबंधित अधिकारियों से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि मिल में काफी बंदर आते हैं।हो सकता है बंदर ही चीनी खा गए हों। बरहाल चीनी गायब होने के पीछे एक कारण बारिश को भी बताया गया है, लेकिन सवाल यह है कि अगर बारिश से चीनी खत्म होती तो सिर्फ 1137 क्विंटर ही क्यों खत्म होती, बाकी चीनी कैसे बची हुई है।
अब ऐसे में सवाल यह भी उठता है कि आखिर अधिकारियों की लापरवाही से जितनी चीनी गायब हुई है उसकी भरपाई अब कौन करेगा। बीते दिनों जो ऑडिट हुआ था उसमें संबंधित अधिकारियों को ही दोषी बताया गया था।

मानवी कश्यप देश की पहली ट्रांसवुमन दरोगा बनीं

मानवी कश्यप देश की पहली ट्रांसवुमन दरोगा बनीं 
अविनाश श्रीवास्तव  
पटना। बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग ने दरोगा के 1275 पदों पर वैकेंसी का रिजल्ट जारी कर दिया है। इस परीक्षा में 822 पुरुष और 450 महिला समेत 3 ट्रांसजेंडर अभ्यर्थी भी चयनित हुए हैं। यह पहला मौका है, जब दारोगा भर्ती में ट्रांसजेंडर का चयन हुआ है, इनमें से दो ट्रांसमैन और एक ट्रांसवुमन है। बांका जिले की मानवी मधु कश्यप देश की पहली ट्रांसवुमन दरोगा बन गई हैं। अपनी इस उपलब्धि से उन्होंने अपने पंजवारा गांव समेत पूरे देश को गौरवान्वित किया है। इस कामयाबी के खास अवसर पर उन्हें रिश्तेदार, दोस्त, पड़ोसी सभी शुभकामनाएं दे रहे हैं।
यहां तक का मेरा सफर बहुत चुनौतीपूर्ण रहा- मानवी
उन्होंने बताया कि, समाज ने कभी ट्रांसजेंडरों को प्राथमिकता नहीं दी। हर जगह सिर्फ स्त्री और पुरुष नजर आते हैं। आपको किसी भी क्षेत्र में ट्रांसजेंडर नहीं दिखाई पड़ेंगे, इसलिए यहां तक का मेरा सफर बहुत चुनौतीपूर्ण रहा। मधु ने अच्छे अंक से इंटरमीडिएट की परीक्षा पास की। इसके बाद उन्होंने साल 2022 में भागलपुर तिलकामांझी यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन किया। फिर पुलिस विभाग की तैयारी करने के लिए वो पटना पहुंचीं और शिक्षक गुरु रहमान के मार्गदर्शन में तैयारी शुरू की। मधु ने बताया कि, यह सफलता हासिल करने के लिए मुझे बहुत संघर्ष करना पड़ा। हमारी तरह और लोग भी हर काम के लिए सक्षम होते हैं, बस जरूरत है तो अवसर और सपोर्ट की।
 नीतीश को बोला थैंक्यू
उन्होंने सुप्रीम कोर्ट, बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और अपने शिक्षकों को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि, इन सबके योगदान की वजह से मैं यहां तक पहुंच सकी हूं। मेरा लक्ष्य बीपीएससी और यूपीएससी कंप्लीट करना है। मधु ने अपने जैसे और भी ट्रांसजेंडरों को सफलता का मंत्र दिया। उन्होंने कहा कि, आप अपने लक्ष्य को पाने के लिए पूरे शिद्दत से मेहनत कीजिए। सफलता का कोई भी शॉर्टकट नहीं होता है।
ट्रांसजेंडर बच्चों को सपोर्ट करे माता-पिता
मधु ने ट्रांसजेंडरों के माता-पिता से उन्हें सपोर्ट करने की भी अपील की। उन्होंने कहा कि आप अपने बच्चों को घरों से बाहर मत निकालिए, उन्हें पढ़ाइए-लिखाइए। ताकि वो एक दिन पुलिस विभाग और अन्य क्षेत्रों में चयनित होकर देश की सेवा कर सकें। बता दें, बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग भर्ती में ट्रांसजेंडर के लिए पांच पद आरक्षित थे, लेकिन तीन ही योग्य उम्मीदवार मिल पाए। इससे इनकी बची हुई दो सीटों को सामान्य श्रेणी में शामिल कर दिया गया।

बीएएलएलबी-एलएलएम का कोर्स हिंदी में शुरू करें

बीएएलएलबी-एलएलएम का कोर्स हिंदी में शुरू करें  संदीप मिश्र  लखनऊ। सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस डी वाई चंद्रचूड़ ने कहा कि बीएएलएल...